डीएवी पांवटा साहिब में मनाया गया ज्ञान ज्योति पर्व*

डीएवी पांवटा साहिब में मनाया गया ज्ञान ज्योति पर्व*

*डीएवी पांवटा साहिब में मनाया गया ज्ञान ज्योति पर्व*

न्यूज़ देशआदेश

पांवटा साहिब: महर्षि दयानंद सरस्वती की 200वीं जयंती “ज्ञान ज्योति पर्व” के रूप में डीएवी पांवटा साहिब में हर्षोल्लास पूर्वक मनाई गई। इस अवसर पर डीएवी पांवटा का भवन तथा परिसर भव्य रूप से प्रकाशमान किया गया।

आज सोमवार प्रार्थना सभा में एक विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया जिसमें स्कूल के प्राचार्य डॉ वी के लवानिया तथा समस्त स्टाफ ने प्रतिमा के समक्ष पुष्प अर्पण किए।

 

कक्षा ग्यारहवीं की छात्रा अवंतिका ने स्वामी दयानंद सरस्वती जी के जीवन पर एक सुंदर कविता प्रस्तुत की। कक्षा नौवीं की छात्रा कृतिका ने स्वामी दयानंद जी के आदर्शों पर प्रकाश डाला। इसके उपरांत छात्राओं द्वारा सुंदर भजन तथा वेद मंत्र उच्चारण प्रस्तुत किए गए।

स्कूल प्राचार्य डॉ लवानिया ने अपने संबोधन में कहा कि महर्षि दयानन्द जी की 200वीं जन्मजयंती का ये अवसर ऐतिहासिक है और भविष्य के इतिहास को निर्मित करने का अवसर भी है। ये पूरे विश्व के लिए, मानवता के भविष्य के लिए प्रेरणा का पल है।

प्राचार्य ने कहा कि स्वामी दयानन्द जी और उनका आदर्श था- “कृण्वन्तो विश्वमार्यम्”॥ अर्थात, हम पूरे विश्व को श्रेष्ठ बनाएँ, हम पूरे विश्व में श्रेष्ठ विचारों का, मानवीय आदर्शों का संचार करें।

इसलिए, 21वीं सदी में आज जब विश्व अनेक विवादों में फंसा है, हिंसा और अस्थिरता में घिरा हुआ है, तब महर्षि दयानंद सरस्वती का दिखाया मार्ग करोड़ों लोगों में आशा का संचार करता है। ऐसे महत्वपूर्ण दौर में आर्य समाज की तरफ से महर्षि दयानंद की 200वीं जन्मजयंती का ये पावन कार्यक्रम दो साल चलने वाला है तथा भारत सरकार ने भी इस महोत्सव को मनाने का निर्णय किया है।

डॉ लवानिया ने समस्त विद्यार्थियों, अभिभावकों तथा पांवटा वासियों को ज्ञान ज्योति पर्व के उपलक्ष पर शुभकामनाएं प्रेषित की।

Originally posted 2023-02-13 11:32:21.

Related posts